सुभाष चौहान/ज्वालाजी। आरएनटी पब्लिक हाई स्कूल रैन्खा में श्रीकृष्ण जन्माष्टमी का पावन पर्व अत्यंत हर्षोल्लास, भक्ति और आध्यात्मिक उमंग के साथ मनाया गया। इस अवसर पर विद्यालय परिसर में विभिन्न धार्मिक एवं सांस्कृतिक गतिविधियों का भव्य आयोजन किया गया।
कार्यक्रम की शुरुआत विद्यालय की मुख्याध्यापिका अनिता कुमारी द्वारा पारंपरिक रूप से दीप प्रज्वलित कर की गई। इसके पश्चात दीप्ति ने मंच संचालन की कमान संभाली, जबकि संपूर्ण कार्यक्रम की व्यवस्था और आयोजन की मुख्य जिम्मेदारी विद्यालय की गतिविधि प्रभारी इंदरप्रीत ने बखूबी निभाई।
इस विशेष आयोजन में तीनों सदनों की प्रभारियों—अर्चना, कृतिका एवं हिमानी—सहित विद्यालय के समस्त अध्यापकों (नेहा, अनुपम, शिक्षा, शिवानी, सुशील व राकेश) तथा कर्मचारियों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया। विद्यार्थियों ने भी पूरे उत्साह के साथ अपनी सहभागिता दर्ज कराई।
समारोह के दौरान विद्यार्थियों ने एक से बढ़कर एक मनमोहक नृत्य एवं सुरीले भजनों की प्रस्तुतियां दीं। कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण श्रीकृष्ण और सुदामा की अटूट निष्ठा व निस्वार्थ प्रेम पर आधारित एक भावपूर्ण नाटक रहा, जिसके माध्यम से बच्चों ने समाज में सच्ची मित्रता, प्रेम और नैतिकता का संदेश दिया।
इस अवसर पर विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए मुख्याध्यापिका अनिता कुमारी ने श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के धार्मिक, सांस्कृतिक और नैतिक महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण का जीवन हर युग में मानव जाति को सत्य, धर्म, अच्छाई और अपने कर्तव्यों के निष्ठापूर्वक पालन का मार्ग दिखाता है।
उन्होंने बच्चों से अपील की कि वे अपने जीवन में अच्छे संस्कारों को धारण करें और सदैव सच्चाई के रास्ते पर चलें। अंत में सभी शिक्षकों और विद्यार्थियों में प्रसाद वितरण के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ।